What is it about this self styled godman of India, Dera Sacha Sada cheir Gurmeet Ram Rahim Singh that people are ready to go on a rampage for him. They are committing arson and are destroying public property for a person who has been convicted in a case of Rape.

The city of Panchkula was teared down by hundreds of followers of Dera Sacha Sauda chief after he was proved a convict in a CBI court. Let’s get to know what the case is all about. So, there was a letter written by an anonymous sadhvi to the Prime Minister of our country Mr, Atal Bihari Vajpayee, back in 2002.

The letter exposed the harsh blackened reality of Dera Sacha Sauda. In her letter she claimed that she, along with hundred other girls, was raped on a continuous basis. Although she was living the life of a sadhvi, yet she felt like being a prostitute. There must have been something terribly wrong.

The anonymous writer said in the letter that she was called to the ‘gufa’ where Gurmeet Ram Rahim Singh used to live. This was after she had been a sadhvi for almost two years. She mentioned that when she entered his room, he was watching porn with a revolver lying on his bed side.

Initially he convinced her to get physical with him but when she denied, he threatened to kill her and her family. The letter stated the conditions of the place they were living in. Just blinded by faith these women were left to serve the bigger purpose of god but whose purpose were they serving?

She pleaded the then Prime Minister and the court to intervene and rescue girls from living the lives of a prostitute.

The statement, TOI claims to have a copy of the same, stated that Ram Rahim  Singh liked calling him himself a God. She was raped in September 1999 when she asked to guard the Dera chief’s gufa.

Maafi was the code word that disciples used to describe rapes. SHe was clueless when other female disciples used to ask her if she was “granted maafi by pitaji“.

Pitaji, seriously. Raping while being a Pitaji to his disciples. What can bring one more shame than this. Here, read the letter yourself:

सेवा में,
माननीय प्रधानमंत्री महोदय जी श्री अटल बिहारी वाजपेयी, भारत सरकार

विषय : डेरे के महाराज द्वारा सैकड़ों लड़कियों से बलात्कार की जांच करें.

श्रीमान जी, यह है कि मैं पंजाब की रहने वाली हूं और अब पांच साल से डेरा सच्चा सौदा सिरसा, हरियाणा (धन-धन सतगुरु तेरा ही आसरा) में साधु लड़की के रूप में सेवा कर रही हूं. मेरे साथ यहां सैकड़ों लड़कियां भी डेरे में 18-18 घंटे सेवा करती हैं. हमारा यहां शारीरिक शोषण किया जा रहा है. साथ में डेरे के महाराज गुरमीत सिंह द्वारा योनिक शोषण (बलात्कार) किया जा रहा है. मैं बीए पास लड़की हूं. मेरे परिवार के सदस्य महाराज के अंध श्रद्धालु हैं, जिनकी प्रेरणा से मैं डेरे में साधु बनी थी.

साधु बनने के दो साल बाद एक दिन महाराज गुरमीत की परम शिष्या साधु गुरुजोत ने रात के 10 बजे मुङो बताया कि आपको पिता जी ने गुफा (महाराज के रहने का स्थान) में बुलाया है. मैं क्योंकि पहली बार वहां जा रही थी, मैं बहुत खुश थी. यह जानकर कि आज खुद परमात्मा ने मुङो बुलाया है. गुफा में ऊपर जाकर जब मैंने देखा महाराज बेड पर बैठे हैं. हाथ में रिमोट है, सामने टीवी पर ब्लू फिल्म चल रही है. बेड पर सिरहाने की ओर रिवॉल्वर रखा हुआ है. मैं यह सब देखकर हैरान रह गई. मुझे चक्कर आने लगे. मेरे पांव के नीचे की जमीन खिसक गई. यह क्या हो रहा है. महाराज ऐसे होंगे? ऐसा मैंने सपने में भी नहीं सोचा था. महाराज ने टीवी को बंद किया व मुङो साथ बिठाकर पानी पिलाया और कहा कि मैंने तुम्हें अपनी खास प्यारी समझकर बुलाया है. मेरा यह पहला दिन था.

महाराज ने मेरे को बांहों में लेते हुए कहा कि हम तुझे दिल से चाहते हैं. तुम्हारे साथ प्यार करना चाहते हैं, क्योंकि तुमने हमारे साथ साधु बनते वक्त तन-मन-धन सब सतगुरु के अर्पण करने को कहा था. तो अब ये तन-मन हमारा है. मेरे विरोध करने पर उन्होंने कहा कि इसमें कोई शक नहीं हम ही खुदा हैं.

जब मैंने पूछा कि क्या यह खुदा का काम है तो उन्होंने कहा – श्री कृष्ण भगवान थे, उनके यहां 360 गोपियां थीं जिनसे वह हर रोज प्रेम लीला करते थे. फिर भी लोग उन्हें परमात्मा मानते हैं, यह कोई नई बात नहीं है. हम चाहें तो इस रिवॉल्वर से तुम्हारे प्राण पखेरू उड़ाकर दाह संस्कार कर सकते हैं. तुम्हारे घरवाले इस प्रकार से हमारे पर विश्वास करते हैं व हमारे गुलाम हैं. वह हमारे से बाहर जा नहीं सकते. यह तुमको अच्छे से पता है. हमारी सरकार में बहुत चलती है.

हरियाणा व पंजाब के मुख्यमंत्री, पंजाब के केंद्रीय मंत्री हमारे चरण छूते हैं. राजनीतिज्ञ हमसे समर्थन लेते हैं, पैसा लेते हैं और हमारे खिलाफ कभी नहीं जाएंगे. हम तुम्हारे परिवार के नौकरी लगे सदस्यों को बर्खास्त करवा देंगे. सभी सदस्यों को अपने सेवादारों (गुडों) से मरवा देंगे. सबूत भी नहीं छोड़ेंगे. यह तुम्हें अच्छी तरह पता है कि हमने गुंडों से पहले भी डेरे के प्रबंधक फकीर चंद को खत्म करवा दिया था जिनका अता-पता तक नहीं है. ना ही कोई सबूत बकाया है. जो कि पैसे के बल पर हम राजनीतिक व पुलिस और न्याय को खरीद लेंगे. 1इस तरह मेरे साथ मुंह काला किया और पिछले तीन मास में 20-30 दिन बाद किया जा रहा है.

आज मुझको पता चला कि मेरे से पहले जो लड़कियां रहती थीं, उन सबके साथ मुंह काला किया गया है. डेरे में मौजूद 35-40 साधु लड़की 35-40 वर्ष की उम्र से अधिक हैं जो शादी की उम्र से निकल चुकी हैं. जिन्होंने परिस्थितियों से समझौता कर लिया है. इनमें ज्यादातर लड़कियां बीए, एमए, बीएड, एमफिल पास हैं, मगर घरवालों के अंधविश्वासी होने के कारण नरक का जीवन जी रही हैं.

हमें सफेद कपड़े पहनना, सिर पर चुन्नी रखना, किसी आदमी की तरफ आंख न उठाकर देखना, आदमी से 5-10 फुट की दूरी पर रहना महाराज का आदेश है लेकिन दिखाने में देवी हैं मगर हमारी हालत वेश्याओं जैसी है.

मैंने एक बार अपने परिवारवालों को बताया कि डेरे में सबकुछ ठीक नहीं है तो मेरे घर वाले गुस्से में होते हुए कहने लगे कि अगर भगवान के पास रहते हुए ठीक नहीं है तो ठीक कहां है. तेरे मन में बुरे विचार आने लग गए हैं. सतगुरु का सिमरण किया कर. मैं मजबूर हूं. यहां सतगुरु का आदेश मानना पड़ता है. यहां कोई भी दो लड़कियां आपस में बात नहीं कर सकतीं. घरवालों को टेलिफोन मिलाकर बात नहीं कर सकतीं. घरवालों का हमारे नाम फोन आए तो हमें बात करने का महाराज के आदेशानुसार हुक्म नहीं है. यदि कोई लड़की डेरे की इस सच्चाई के बारे में बात करती है तो महाराज का हुक्म है कि उसका मुंह बंद कर दो.

पिछले दिनों बठिंडा की लड़की साधु ने जब महाराज की काली करतूतों का सभी लड़कियों के सामने खुलासा किया तो कई साधु लड़कियों ने मिलकर उसे पीटा. जो आज भी घर पर इस मार के कारण बिस्तर पर पड़ी है. जिसका पिता ने सेवादारों से नाम कटवाकर चुपचाप घर बैठा दिया है. जो चाहते हुए भी बदनामी और महाराज के डर से किसी को कुछ नहीं बता रही.

एक कुरुक्षेत्र जिले की एक साधु लड़की जो घर आ गई है, उसने अपने घर वालों को सब कुछ सच बता दिया है. उसका भाई बड़ा सेवादार था, जो कि सेवा छोड़कर डेरे से नाता तोड़ चुका है. संगरूर जिले की एक लड़की जिसने घर आकर पड़ोसियों को डेरे की काली करतूतों के बारे में बताया तो डेरे के सेवादार / गुंडे बंदूकों से लैस लड़की के घर आ गए. घर के अंदर से कुंडी लगाकर जान से मारने की धमकी दी व भविष्य में किसी से कुछ भी नहीं बताने को कहा.

इसी प्रकार कई लड़कियां जैसे कि जिला मानसा (पंजाब), फिरोजपुर, पटियाला, लुधियाना की हैं. जो घर जाकर भी चुप हैं क्योंकि उन्हें जान का खतरा है. इसी प्रकार जिला सिरसा, हिसार, फतेहबाद, हनुमान गढ़, मेरठ की कई लड़कियां जो कि डेरे की गुंडागर्दी के आगे कुछ नहीं बोल रहीं.

अत: आपसे अनुरोध है कि इन सब लड़कियों के साथ-साथ मुङो भी मेरे परिवार के साथ जान से मार दिया जाएगा अगर मैं इसमें अपना नाम-पता लिखूंगी. क्योंकि मैं चुप नहीं रह सकती और ना ही मरना चाहती हूं. जनता के सामने सच्चाई लाना चाहती हूं. अगर आप प्रेस के माध्यम से किसी भी एजेंसी से जांच करवाएं तो डेरे में मौजूद 40-45 लड़कियां जो कि भय और डर में हैं. पूरा विश्वास दिलाने के बाद सच्चाई बताने को तैयार हैं. हमारा डॉक्टरी मुआयना किया जाए ताकि हमारे अभिभावकों व आपको पता चल जाएगा कि हम कुमारी देवी साधु हैं या नहीं. अगर नहीं तो किसी के द्वारा बर्बाद हुई हैं. ये बता देंगे कि महाराज गुरमीत राम रहीम सिंह जी, संत डेरा सच्चा सौदा के द्वारा तबाह की गई हैं.

प्रार्थी: एक निर्दोष जलालत का जीवन जीने को मजबूर (डेरा सच्चा सौदा सिरसा).

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